Health & Fitness 

डायबिटीज से अगर आप या आपका कोई अपना परेशान है तो इस लेख को अवश्य पढ़ें, क्योंकि आपके अपने या अपनों के लिए इससे आवश्यक कुछ भी नहीं…

खराब जीवन शैली के कारण होने वाली बीमारियों में डायबिटीज सबसे खतरनाक रोगों में से एक है। शरीर में पैन्क्रियाज इंसुलिन बनाने का कार्य करता है। ये हार्मोन खाने में मौजूद ग्लूकोज और शुगर को सीमित मात्रा में हमारे शरीर में पहुंचाता है। वहीं, अगर बॉडी में इंसुलिन कम मात्रा में बनने लगती है तो इससे डायबिटीज का खतरा बढ़ जाता है। ये बीमारी अधिक परेशान इसलिए करती है क्योंकि डायबिटीज को जड़ से खत्म करना लगभग नामुमकिन सा ही है। इसे कंट्रोल करने के लिए दवाइयों के साथ ही स्वस्थ आहार लेना भी बहुत जरूरी है। ऐसे में ब्लड शुगर को नियंत्रित रखने के लिए मरीज शकरकंद का सेवन कर सकते हैं।

शकरकंद यानी स्वीट पौटैटो डायबिटीज में बेहद प्रभावी माना जाता है। जहां पोटैटो मरीजों के लिए घातक साबित हो सकता है, वहीं स्वीट पोटैटो को डायबिटीज टाइप 2 के लिए सुपरफूड माना जाता है। अमेरिकन डायबिटीज एसोसिएशन फॉर डायबिटीज के अनुसार मधुमेह रोगियों को शकरकंद अपनी डाइट में शामिल करना चाहिए।

डायबिटीज के मरीजों को डॉक्टर्स कम ग्लाइसेमिक इंडेक्स यानी GI वाले भोजन खाने की सलाह देते हैं। इससे ब्लड शुगर कंट्रोल करने में मदद मिलती है। शकरकंद का ग्लाइसेमिक इंडेक्स भी कम होता है, ऐसे में बार-बार होने वाली फूड क्रेविंग को दूर करने के लिए स्वीट पोटैटो बेहतर विकल्प हो सकता है।

शकरकंद को विटामिन ए और सी का बेहतरीन स्रोत माना जाता है जो कि मरीजों की आंखों की रोशनी और इम्युनिटी को बेहतर बनाता है। इसके अलावा, इसमें बीटा कैरोटिन और आयरन भी पाया जाता है जो सम्पूर्ण स्वास्थ्य के लिए जरूरी है।

मोटापा डायबिटीज के मरीजों के लिए बहुत ही खतरनाक साबित हो सकता है। ऐसे में शकरकंद के सेवन से उनका वजन भी संतुलित रहेगा। इसमें प्लांट बेस्ड प्रोटीन मौजूद होता है जो कि लोगों को काफी देर तक संतुष्ट रखता है। भरा-भरा महसूस करने के कारण लोग ओवर ईटिंग से भी बच जाते हैं, इससे वजन कम करने में मदद मिलती है।

डाइट एक्सपर्ट्स के अनुसार भले ही शकरकंद मधुमेह रोगियों के लिए फायदेमंद है। लेकिन इसमें कार्बोहाइड्रेट्स भी मौजूद होते हैं, ऐसे में इनका सेवन सीमित मात्रा में ही करना चाहिए। उनके मुताबिक आधा कप शकरकंद में तकरीबन 15 ग्राम कार्ब्स होते हैं। वहीं, शोध के मुताबिक उबले हुए शकरकंद सबसे अधिक हेल्दी होते हैं। जबकि बेक या रोस्ट करने पर इसमें मौजूद पोषक तत्व नष्ट हो जाते हैं।

सबसे महत्वपूर्ण बात, इन 4 चीजों को खाने से बचें…

मधुमेह अथवा डायबिटीज से पीड़ित मरीजों के डाइट का असर उनके बीमारी पर बहुत ज़्यादा होता है। उन्हें खान – पान को लेकर सबसे ज़्यादा सतर्क रहने की जरूरत होती है। मधुमेह को नियंत्रित करने के लिए डॉक्टर्स आपको क्या खाएं क्या न खाएं इसकी सलाह देते हैं। जिन खाद्य पदार्थों में ग्लाइसेमिक इंडेक्स अधिक होता है, मधुमेह रोगियों को उनके सेवन से बचना चाहिए। इन्हें खाने से रक्त में शुगर अथवा ग्लूकोज की मात्रा अधिक हो जाती है। ऐसे में आइए जानते हैं उन 4 खाद्य पदार्थों के बारे में जिन्हें खाने से बढ़ सकता है आपका ब्लड शुगर का स्तर।

आलू – आलू के बिना हमारी सब्जियां अधूरी मानी जाती हैं। कई लोग तो सिर्फ आलू ही खाते हैं, और सब्जियां उन्हें नहीं भाती। यह विटामिन्स और मिनरल्स का भी अच्छा स्रोत है लेकिन डायबिटीज में इसके सेवन की सलाह नहीं दी जाती। यह उच्च कार्बोहाइड्रेट युक्त होता है और इसमें ग्लाइसेमिक इंडेक्स की मात्रा भी ज़्यादा होती है, इस कारण मधुमेह में इसके सेवन पर मनाही होती है।

आम – आम खाने से खुद को रोक पाना बहुत मुश्किल होता है लेकिन मधुमेह रोगियों के लिए इसे खाना नुकसानदेह होता है। आम अधिक शर्करायुक्त फल है। पका हुआ आम मधुमेह के रोगियों के लिए ख़तरनाक साबित होता है। जबकि मरीज को कच्चा आम नुक़सान नहीं पहुंचाता। एक आम में लगभग 46 ग्राम शर्करा होता है, जो मधुमेह के रोगियों का शुगर लेवल अचानक से बढ़ा सकता है।

किशमिश – अंगूर की तरह ही इसके कॉन्सेंट्रेटेड फॉर्म किशमिश को भी मधुमेह रोगियों को खाने की सलाह नहीं दी जाती है। बल्कि यह अंगूर से भी ज़्यादा शर्करायुक्त होता है। एक कप अंगूर में जहां 27 ग्राम कार्बोहाइड्रेट होता है, वहीं एक कप किशमिश में यह बढ़कर 115 ग्राम के लगभग हो जाता है। इसका सेवन मधुमेह रोगियों को नहीं करना चाहिए, वरना ब्लड शुगर लेवल बहुत बढ़ जाता है।

अंगूर – डॉक्टर्स आपको मधुमेह में अधिक शर्करा वाले फलों के सेवन से परहेज करने की सलाह देते हैं। अंगूर भी उन्हीं में से एक है। एक अंगूर में 0.4 ग्राम शुगर होता है यानि 100 ग्राम अंगूर में लगभग 16 ग्राम शुगर होता है। इतना शूगर मरीज के लिए नुकसानदेह होता है।

यह बात भी जान लें, 21 मिनट का रोजाना एक्सरसाइज डायबिटीज के मरीजों के लिए रामबाण होगा…

शारीरिक गतिविधियां और व्यायाम हमारे स्वास्थ्य के लिए बेहद जरूरी होता है। हमें बीमारियों में भी व्यायाम से कई फायदे होते हैं। डायबिटीज से पीड़ित मरीजों को भी व्यायाम बहुत लाभ पहुंचाता है। अमेरिकन डायबिटीज एसोसिएशन की माने तो मधुमेह से पीड़ित व्यक्तियों को सप्ताह में 150 मिनट का हल्का व्यायाम करना चाहिए। इसका मतलब है कि अगर आप डायबिटीज से पीड़ित हैं तो रोजाना 21 मिनट का व्यायाम करना से आपका ब्लड शुगर लेवल नियंत्रण में रह सकता है।

कई बार लोग सोचते हैं कि केवल हैवी एक्सरसाइज करने से ही शरीर को फायदा होता है। मगर कई ऐसे लाइट एक्सरसाइज हैं जिन्हें करने से थकान तो कम होती है, साथ में शरीर में ग्लूकोज का स्तर भी काबू में रहता है। डायबिटीज से पीड़ित व्यक्तियों के लिए हलके एक्सरसाइज।

गार्डनिंग – डायबिटीज से पीड़ित व्यक्तियों का रक्त संचार ढंग से होता रहे, ऐसे में बागवानी करना बहुत ही कारगर साबित हो सकता है। टाइप 2 डायबिटीज में हाई ब्लड ग्लूकोज लगातार बना रहता है जिससे हमारे आर्टरीज को नुकसान होता है और ब्लड सर्कुलेशन सही से नहीं हो पाता। अगर पीड़ित व्यक्ति गार्डनिंग को अपनी नियमित दिनचर्या में शामिल करे तो उसका रक्त संचार नियमित रहता है।

तैराकी – शरीर सुचारू रूप से काम करे, इसके लिए तैराकी बहुत फायदेमंद साबित होता है। तैराकी में शरीर के सभी अंगों में हरकत होती है, जिससे हमारा रक्त संचार सही तरीके से होता है और ब्लड शुगर नियमित सही स्तर पर बना रहता है।

तेज़ चलना – वॉक करना सबके लिए एक ज़रूरी शारीरिक गतिविधि है। डायबिटीज के मरीजों के लिए तेज़ चलना किसी रामबाण से कम नहीं है। इस लॉकडाउन में बाहर पार्क में घूमने जाने के बजाय मरीज घर में ही वॉक कर सकते हैं। एक शोध के मुताबिक, चलना टाइप 2 यानि हाई ब्लड शुगर से पीड़ित व्यक्तियों के ब्लड शुगर लेवल को कम करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।

डांस करना – डांस मन को खुशी देता है, साथ ही यह स्ट्रेस को कम करता है। डायबिटीज से पीड़ित लोगों का प्रतिदिन डांस करना उनके रक्त शर्करा को कम करता है। ज़रूरी नहीं कि आपको डांस के हर स्टेप्स आते ही हो, आप अपने मनपसंद गाने पर अपने हिसाब से नृत्य करें। रोज़ाना 15 मिनट का डांस फैट कम करने में भी सहायता करेगा।

Spread the love

Written by 

Related Posts

Leave a Comment

one + sixteen =

WhatsApp chat